पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव 2026 में पंच एवं सरपंच पद के चुनाव मतपेटी से जायेंगे
जयपुर: पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव 2026 में पंच एवं सरपंच पद के चुनाव मतपेटी के माध्यम से सम्पन्न कराए जायेंगे । राजस्थान पंचायतीराज (निर्वाचन ) नियम 1994 के नियम 23 ( 3 ) में वर्णित प्रावधानानुसार, आयोग द्वारा प्रदत्त निर्देशों के क्रम में पंच एवं सरपंच पद के नाम निर्देशन पत्र की प्रक्रिया जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत) द्वारा नियुक्त किए गए रिटर्निंग अधिकारी एवं सहायता हेतु नियुक्त किए गए मतदान दल के कार्मिक (जो मतदान अधिकारी की योग्यता रखता हो ) के द्वारा संपादित करवाई जायेगी ।
राजस्थान पंचायतीराज अधिनियम 1994 की धारा 19, 19 क, 19 ख, 20, 21 एवं 22 एवं राजस्थान पंचायतीराज (निर्वाचन) नियम 1994 के नियम 23 से 54, 56, 69 से 76 में पंच एवं सरपंच पद की निर्वाचन की प्रक्रिया विहित की गई है।
उक्त पदों के निर्वाचन हेतु रिटर्निंग अधिकारी द्वारा (पंचायत मुख्यालय पर पंचायत भवन अथवा जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा निर्धारित स्थान पर) नाम निर्देशन पत्रों की प्राप्ति, संवीक्षा एवं नाम वापसी की प्रक्रिया एक ही दिवस में सम्पादित करवाई जायेगी ।
रिटर्निंग अधिकारी द्वारा नियम 29 के वर्णित प्रावधानानुसार, जिन अभ्यर्थियों का नाम निर्देशन पत्र स्वीकार किया गया है तथा नाम निर्देशन पत्र वापिस नहीं लिया गया है, उन्हें राज्य निर्वाचन आयोग के आदेश क्रमांक 4191 दिनांक 17.10.2025 द्वारा निर्धारित किए चुनाव प्रतीकों का आवंटन करते हुए, ऐसे अभ्यर्थियों की सूची प्ररूप-5 में पंच एवं सरपंच हेतु पृथक-पृथक प्रदर्शित की जाएगी। प्ररूप-5 में अभ्यर्थियों की सूची हिन्दी वर्णमाला के अनुसार तैयार की जाएगी एवं उसी क्रम में अभ्यर्थियों को चुनाव प्रतीक चिन्हों का आवंटन किया जाएगा। साथ ही नाम निर्देशन पत्र से संबंधित दस्तावेजों को पी – 1 लिफाफे में रखे एवं इसे सीलबद्ध नहीं किया जाए ।
राज्य निर्वाचन आयोग के आदेश क्रमांक 21 दिनांक 01.01.2026 (सा.आ.139/2025 ) द्वारा पंच एवं सरपंच पद के चुनाव हेतु मतपत्र के रंग एवं प्रारूप का निर्धारण किया गया है। उक्त आदेशानुसार ही मतपत्र मुद्रित करवाया जाना सुनिश्चित करें । उक्त के क्रम में आयोग द्वारा लिए गए निर्णयानुसार जिला निर्वाचन अधिकारी यह सुनिश्चित कराए कि मतपत्रों पर मात्र प्रतीक चिन्ह हो एवं अभ्यर्थी संबंधित सूचना का स्थान रिक्त हो । अभ्यर्थी को आवंटित किए गए प्रतीक चिन्ह के सामने रिक्त स्थान पर अभ्यर्थी का नाम काले बाल पैन से मतदान दलों के अधिकारी / कार्मिकों द्वारा लिखा जाएगा। मतदान दलों द्वारा मतपत्रों पर शुद्ध नाम लिखे जाने का कार्य प्ररूप-5 में प्रदर्शित किए जाने के तुरन्त पश्चात् ही ग्राम पंचायत स्तर पर ही सम्पादित कराया जाना सुनिश्चित करावें । मतदान दलों द्वारा तैयार किये गये इन मतपत्रों से ही मतदान करवाया जाना सुनिश्चित करें।
आयोग के आदेश क्रमांक 4191 दिनांक 17.10.2025 द्वारा जारी मुक्त प्रतीकों की सूची में पंच एवं सरपंच हेतु पृथक-पृथक 40-40 प्रतीक चिन्ह निर्धारित किए गए है।
आयोग के आदेश 879 दिनांक 23.01.2026 द्वारा पंच एवं सरपंच पद के मतपत्र का प्रारूप विहित किया गया है। उक्त में आंशिक संशोधन करते हुए आयोग द्वारा निर्देश प्रदान किए जाते है कि सरपंच पद के मतपत्र एक स्तम्भ में 10-10-10-10 चुनाव चिन्हों की मतपत्र स्लिप होगी। उक्तानुसार क्रम संख्या से 10 तक चुनाव चिन्ह मतपत्र पर क्रम संख्या 11 से 20 तक चुनाव चिन्ह प्रथम अतिरिक्त मतपत्र स्लिप पर क्रम संख्या 21 से 30 तक चुनाव चिन्ह द्वितीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिप पर एवं क्रम संख्या 31 से 40 तक चुनाव चिन्ह तृतीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिप पर अंकित होंगे। मतपत्रों पर 7 अंको की संख्या अंकित की जाएगी। इन मतपत्रों में प्रतिपर्ण (काउन्टर फाइल) नहीं होता है, केवल मतपत्र पर ही संख्या अंकित होगी, प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिपों पर नम्बर अंकित नहीं किया जाएगा। उक्तानुसार तैयार किए गए मतपत्रों के 100-100 का बण्डल बनाया जावेगा। इस प्रकार बनाए गए 10 बण्डलों का एक बड़ा पैक तैयार किया जाएगा। सरपंच पद हेतु मतपत्र सफेद रंग एवं पैकिंग पेपर भी सफेद रंग का होगा। इसी प्रकार अतिरिक्त मतपत्र स्लिपों के भी 100-100 के बंडल बनाए जाऐंगे तथा 10 बण्डलों का एक बडा पैक तैयार किया जाएगा।
इसी प्रकार पंच पद के मतपत्र भी एक स्तम्भ में 10-10-10-10 चुनाव चिन्हों की मतपत्र स्लिप होगी। उक्तानुसार क्रम संख्या 1 से 10 तक चुनाव चिन्ह मतपत्र पर क्रम संख्या 11 से 20 तक चुनाव चिन्ह प्रथम अतिरिक्त मतपत्र स्लिप पर क्रम संख्या 21 से 30 तक चुनाव चिन्ह द्वितीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिप पर एवं क्रम संख्या 31 से 40 तक चुनाव चिन्ह तृतीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिप पर अंकित होंगे।
मतपत्रों पर नम्बरिंग की जाएगी जो 7 डिजिट में होगी। इन मतपत्रों में काउन्टर फाइल नहीं होता है, केवल एक मतपत्र पर एक ही नम्बर अंकित होगा, प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिपों पर नम्बर अंकित नहीं किया जाएगा। उक्तानुसार तैयार किए गए मतपत्रों के 100-100 का बण्डल बनाया जावेगा। पंच पद हेतु मतपत्र गुलाबी रंग एवं पैकिंग पेपर भी गुलाबी रंग का होगा। इसी प्रकार अतिरिक्त मतपत्र स्लिपों के भी 100-100 के बंडल बनाए जाऐंगे ।
चूंकि पंच एवं सरपंच की नाम निर्देशन प्रक्रिया के तुरन्त पश्चात् चुनाव लडने वाले योग्य अभ्यर्थियों के नाम मतपत्रो पर मतदान दलों के कार्मिको द्वारा हाथ से लिखे जाऐंगे। अतः जिला निर्वाचन अधिकारी पहले ही जिले की समस्त ग्राम पंचायतो के कुल मतदाताओं की संख्या एवं प्रत्येक ग्राम पंचायत के लिए दिए जाने वाले मतपत्रों का आंकलन करते हुए निर्धारित करे कि सरपंच पद के चुनाव हेतु कितनी मात्रा में मतपत्र मुद्रित करवाए जाने है, निर्धारित की गई संख्या के अनुसार ही मतपत्र 100 के गुणक में मुद्रित कराए जावें । उक्त निर्धारित संख्या की 20 प्रतिशत प्रथम अतिरिक्त स्लिप, 5 प्रतिशत द्वितीय अतिरिक्त स्लिप एवं 1 प्रतिशत तृतीय अतिरिक्त स्लिप मुद्रित कराई जानी है। इसी प्रकार पंच पद के चुनाव हेतु मतपत्र की निर्धारित संख्या से 5 प्रतिशत प्रथम अतिरिक्त स्लिप, 2 प्रतिशत द्वितीय अतिरिक्त स्लिप एवं 1 प्रतिशत तृतीय अतिरिक्त स्लिप मुद्रित कराई जानी है। मतपत्रों एवं अतिरिक्त स्लिपों का मुद्रण, निजी मुद्रणालयों के माध्यम से करवाया जाकर जिला स्तर पर ही सुरक्षित रखा जावें । मतपत्रों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान रखा जावें । मुद्रण कार्य के दौरान मुद्रणालयों पर पूर्ण रूप से सुरक्षा व्यवस्था रखी जाए कोई भी अनाधिकृत व्यक्ति मुद्रण कर्य के दौरान मुद्रणालयों में प्रविष्ट ना हो तथा मतपत्र व अतिरिक्त मतपत्र स्लिपे किसी भी अनाधिकृत व्यक्ति की पहुंच नहीं आएं। इस बात का विशेष ध्यान रखा जावें कि मतपत्रों के मुद्रण कार्य के समय मुद्रणालय में अन्य कोई मुद्रण कार्य नहीं करवाया जावें ।
पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनावों में नोटा का विकल्प भी उपलब्ध है। नोटा (इनमें से कोई नहीं) के निर्धारित प्रतीक युक्त स्टीकर आयोग स्तर से मुद्रित करवाकर आपको उपलब्ध करवाये जायेंगे । इस स्टीकर को अंतिम अभ्यर्थी के बाद में अगले स्थान पर चिपकाया जायेगा ।
उदाहरणार्थः– प्ररूप-5 में चुनाव लड़ने योग्य उम्मीदवारों की संख्या 06 है तो मतपत्र की क्रम संख्या 07 पर, इसी प्रकार चुनाव लड़ने योग्य उम्मीदवारों की संख्या 12 है तो प्रथम अतिरिक्त मतपत्र स्लिप के तीसरे स्थान पर नोटा (इनमें से कोई नहीं) का स्टीकर चिपकाया जायेगा ।
मतपत्र एवं नोटा का स्टीकर मतदान दलों को जिला स्तर से आवंटित चुनाव सामग्री (काला बाल पैन, काला कार्बन, फेबिस्टीक, कैंची / ब्लैड, स्टील का स्केल, स्टेपलर, यू – पिन, मतपत्र तैयार करने हेतु नीचे लगाने के लिए हार्डबोर्ड एवं अन्य आवश्यक सामग्री) के साथ उपलब्ध करवाये जायेंगे एवं अतिरिक्त स्लिपे (प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय) आवश्यतानुसार (ग्राम पंचायत के कुल मतदाताओं
अनुसार) नाम निर्देशन प्रक्रिया संपादित होने के पश्चात् योग्य अभ्यर्थियों की संख्या के आधार पर तत्काल जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा ग्राम पंचायत हेतु नियुक्त किए गए रिटर्निंग अधिकारी को उपलब्ध करवाई जाएगी।
मतपत्र की स्लिप में शेष प्रतीक चिन्हों को कैंची / ब्लेड की सहायता से काटकर अलग कर दिया जायेगा। मतपत्र एक स्तम्भ में लम्बाई में तैयार किये जायेंगे अर्थात् यदि चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों की संख्या नोटा सहित 10 है तो इस हेतु मतपत्र एवं प्रथम अतिरिक्त मतपत्र स्लिप काम में आयेगी। यदि चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों की संख्या नोटा सहित 20 से अधिक हो तो द्वितीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिप काम में आयेगी । इसी प्रकार चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों की संख्या नोटा सहित 30 से अधिक हो तो तृतीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिप काम में आयेगी । मतपत्र के नीचे आवश्यकतानुसार प्रथम अतिक्ति मतपत्र स्लिप, द्वितीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिप एवं तृतीय अतिरिक्त मतपत्र स्लिप को चिपका कर मतपत्र तैयार किया जायेगा ।
पंच एवं सरपंच पद का मतदान सम्पन्न होने के पश्चात् राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी आदेश क्रमांक 1323 दिनांक 03.02.2026 में प्रदत्त दिशा-निर्देशों के अनुसार मतगणना की कार्यवाही करते हुए नियमानुसार निर्वाचन का परिणाम उसी दिन घोषित किया जायेगा ।
मतपत्र मुद्रण एवं सुरक्षा हेतु जिला निर्वाचन अधिकारी दायित्वाधीन होंगे।
नोट:- पंच / सरपंच पद के निर्वाचन हेतु पूर्व जारी आदेशों, परिपत्रों, मार्गदर्शिकाओं में वर्णित प्रावधानों/ दिशा-निर्देशों को उक्त आदेश में वर्णित प्रक्रिया संबंधी प्रावधानों की हद तक अप्रभावी (Inoperative) माना जाए।